डरे नहीं बल्कि सावधानीपूर्वक महामारी का सामना करें : गुड़िया झा
पूरे देश में कोरोना महामारी ने तीसरे चरण ने दस्तक दे दी है । जाहिर सी बात है कि हम सभी इससे भयभीत भी हैं। लेकिन सिर्फ डरने से इससे बचा नहीं जा सकता बल्कि सावधानीपूर्वक इसके प्रोटोकॉल का पालन करने से हमें इससे राहत मिल सकती है।
जब बहुत जरूरी हो तभी घर से बाहर निकले और भीड़ से बचें । अभी के समय डबल मास्क ज्यादा बेहतर होगा। इससे खुद के साथ दूसरों की सुरक्षा रहती है। अच्छा यही होगा की बाहर से आने के बाद कपड़े के मास्क धोने के साथ हाथ पैर को अच्छी तरह से धो लें तथा कपड़े भी बदलकर परिवार के अन्य सदस्यों के पास जाएं।
जागरूकता जितनी ज्यादा रहेगी परिवार और समाज के साथ-साथ देश का भी उतना ही ज्यादा भला होगा। कुछ बातों को अपनाकर हम औरों के लिए भी एक प्रेरणा स्रोत बन सकते हैं।
1, दूसरों के प्रति संवेदनाएं: यह हर कोई जानता है कि संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने पर दूसरा व्यक्ति भी संक्रमित होता है। थोड़ी सी सावधानी रखकर संक्रमित और उसके परिवार के प्रति हम किसी भी रुप में मदद का हाथ जरूर बढ़ा सकते हैं। ऐसे समय में संक्रमित व्यक्ति और उसका परिवार बेहद टूट चुका होता है औऱ यही वह समय होता है जब अपने आसपास ऐसे लोगों को हमारी मदद की जरूरत होती है।
सच्चे अर्थों में यही ईश्वर की पूजा भी है और हमारी मानवता की पहचान भी । हमारे द्वारा किए गए सांत्वना के दो बोल भी किसी औषधि से कम नहीं है। यह समस्या व्यक्तिगत रूप से हमारी या आपकी नहीं बल्कि पूरे विश्व की है। महामारी के इस दौर में हम सभी को एकजुट होकर सामना करना होगा ।
2, टीके के लिए प्रेरित करना: आमतौर पर अभी भी बहुत सारे लोग कोरोना के टीके लगवाना जरूरी नहीं समझते हैं और इससे होने वाले नुकसान के डर से भी आगे नहीं बढ़ते। ऐसे में हमारी यह जिम्मेदारी बनती है कि हम अपने आसपास के लोगों में इसके प्रति जागरूकता पैदा करें और उन्हें इसके लिए तैयार करें ।
सबसे पहले तो हमें उन्हें यह बताना होगा कि टीका नहीं लेने से उन्हें किस प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है । दूसरा यह कि टीके लगाने से उन्हें और उनके परिवार को किस प्रकार की सुरक्षा मिलेगी जिससे कि आने वाले समय में हम सब एक साथ इस महामारी को समाप्त करने में सफल हो सकते हैं ।
3, सुरक्षित खानपान: अभी के समय में सबसे ज्यादा अच्छा होगा कि हम घर का बना शुद्ध और ताजा भोजन करें जिसमें प्रोटीन की भरपूर मात्रा के साथ-साथ अन्य प्रकार के पोषक तत्व भी हमारी थाली में मौजूद हों। जहां तक संभव हो पीने में भी हमेशा गुनगुने पानी का ही प्रयोग करें । चाय के अलावा काढ़ा, हरी सब्जी से बना सूप, गर्म दूध में हल्दी और थोड़ा सा गुड़ मिलाकर पीने से हमारे शरीर को गर्माहट मिलती है। प्रयास करे बहुत अधिक देर तक खाली पेट ना रहे। सुबह की चाय में एक लौंग अदरक डालकर इसका सेवन करने से भी बहुत फायदा होता है । स्टीम लेना भी ऐसे समय में बहुत ही लाभकारी होता।


![in history today :: birth of mother teresa [ 26th of august 1910 ]](https://www.lenseyenews.com/wp-content/uploads/2017/08/26-Mother-Teresa-464x290.png)
