राची, झारखण्ड | मई | 11, 2024 ::
प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय, चौधरी बगान हरमू रोड के प्रांगण
में ओम शांति रिट्रीट सेन्टर दिल्ली से मोटिवेशनल स्पीकर ब्रह्माकुमारी ईशू बहन का आगमन हुआ।
ईशु बहन ने अपने जीवन के अनुभव सभी के साथ
साझा किए। ईशु बहन ने कहा हमेशा खुशी में रहने के लिए राजयोग का अभ्यास आवश्यक है।
उन्होंने कहा खुशी जैसी खुराक नहीं। हमें हर पल जीवन का आंनद लेना चाहिए। परमात्मा हजार
भूजाओं से सदा हमारे साथ है। आत्मिक प्रूषार्थ केवल तभी संभव है, जबकि सदा जागती ज्योति
परमात्मा के प्रकाश से आत्मा की बुझी- बुझी सी ज्योति पुनः जाग जाय और व्यक्ति स्वयं को शरीर
न समझ कर आत्मा समझने लग जाय। आज की विषम स्थिति का निष्कर्ष यह है कि जिस प्रकार
प्रकृति के तत्वों में आयी विकृति एक विश्व ्यापी तथ्य है उसी प्रकार मानव जाति के मनोजगत या
आन्तरिक जीवन में आयी मानसिक विकृति को मिटाने का एक मात्र उपाय परमात्मा से आत्मा का योग युक्त होना ही है। मानव समूह के कुछ लोगों के मानसिक शुद्धि या पवित्रता प्राप्त कर लेने पर अन्ततः सम्पूर्ण मानवता का मनोजगत ही परिष्कृत हो जायेगा। इस क्रम में जीवन के साथ-साथ जगत का परिष्कार अथवा शुद्धदिकरण सम्पन्न हो जायेगा। परमात्मा शिव के अनुसार
समूची मानवीय सष्टि में सुख और शांति की स्थापना का यही भागवत कार्य वर्तमान समय सम्पन्न
हो रहा है।
केन्द्र संचालिका ब्रह्माकमारी निर्मला बहन ने पुष्प गुच्छ देकर ईशू दीदी का स्वागत किया।
सभी ब्रह्मा वत्सों को प्रसाद भी दिया गया।




