राची, झारखंड | |अप्रैल 11, 2025 ::
ज्योतिबा फुले एक महान समाज सुधारक, शिक्षाविद्, लेखक और विचारक थे, जिन्होंने अपने जीवन समाज में मौजूद बुरेइयों को दूर करने में समर्पित कर दिया। उन्होंने महिलाओं और महिलाओं के अधिकारों के लिए काम किया और भारत में महिला शिक्षा की स्थापना की।
राष्ट्रीय असबाब मोर्चा के प्रदेश कार्यालय में ज्योतिबा फुले की जयंती के अवसर पर उनकी तस्वीर पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
इस अवसर पर वरिष्ठ ज्योतिषी विद्याधर प्रसाद ने कहा कि उन्होंने 19वीं सदी में जातीय उत्पीड़न, भाषाई अहित और सामाजिक अन्याय का काफी संघर्ष किया। महात्मा फुले का हितैषी, परोपकारिता और सार्वभौम मानवता गरिमा निहित था।
एसोसिएशन के वरिष्ठ मैगज़ीन दीनानाथ प्रसाद ने कहा कि उनके कार्यों ने दलितों, महिला शिक्षा और सामाजिक सुधारों के लिए प्रेरणा दी, जिसका प्रभाव आज भी देखा जा सकता है।
जयंती पर प्रदेश महासचिव रामावतार कश्यप, वरिष्ठ अधिपति दीनानाथ प्रसाद, सावंत यादव, प्रदेश सचिव जगदीश साहू, कार्यालय प्रभारी संतोष शर्मा ने भी ज्योतिबा फुले के चित्रों पर पुष्पांजलि निर्धारक कर श्रद्धा सुमन




