राची, झारखण्ड | जनवरी | 11, 2023 :: इलेक्ट्रो होम्योपैथ के जनक डा. काउंट सीजर मैटी की आज 214वीं जयंती मनाई गई।
इस अवसर पर आज श्री साई इलेक्ट्रो होम्यो हेल्थ क्लिनिक, मधुकम में डा. मैटी की तस्वीर पर माल्यार्पण कर श्रद्धा सुमन अर्पित की गई।
मौके पर रांची के वरीय इलेक्ट्रो होम्योपैथ चिकित्सक डा एम के सिंह ने कहा की महात्मा मैटी ने आमजनों के बीच इलेक्ट्रो होम्यो के रूप में संजीवनी देकर गए है, जो विद्युत की तरह रोगों को समूल समाप्त करने में सक्षम हैं।
वहीं डा अमृतपाल सिंह ने कहा कि इलेक्ट्रो होम्यो मानव जीवन के लिए वरदान है।
इसे जानने और समझने की जरूरत है। मौके पर डा वाई आर वर्मा ने कहा कि आदि शक्ति की चर्चा वेदों व उपनिषदों में भी की गई है।
आदि शक्ति विद्युत रूप में पौधों में भी पाई जाती है, जिसकी चर्चा ऋषि-मुनियों ने भी की है।
इलेक्ट्रो होम्यो में भी विभिन्न आदि शक्ति को लेकर और उनको आपस में मिलाकर औषधियों का निर्माण किया जाता है। इन औषधियों को आकर्षण शक्ति के सिद्धांत पर इटली निवासी डा काउंट सीजर मैटी ने 1865 ईस्वी में इलेक्ट्रो होम्यो नामक चिकित्सा पद्धति का आविष्कार किया, जो विष रहित और हानि रहित है।
आज जरूरत है इस जीवनदायनी चिकित्सा पद्धति को अपनाने की। इस अवसर पर डा एम के सिंह, डा अमृतपाल सिंह, डा रेखा कुमारी, डा अमिताभ प्रियदर्शी, डा दीपक कुमार, डा अलोक वर्मा, डा वाई आर वर्मा सहित इलेक्ट्रो होम्यो चिकित्सा से जुड़े अन्य लोग मौजूद थे।




